నీ అందం

పడుతూనే ఉన్నా నేల తాకని జలపాతం, 
వేస్తూనే ఉన్నా లెక్క తగ్గని బాణం, 
వేసవి లోను కరగని మంచు శిల్పం..

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तुम हर जगह हो

तुम हर जगह हो… मुझे तुम्हारे बारे में सोचने से रोकना है, तो पहले चारों दिशाओं को बंद करना होगा, हवाओं से कहना होगा कि वे चलना छोड़ दें, सुबह...